समस्तीपुर Town

Samastipur/तमिलनाडु में फंसे हुए हैं ताजपुर के दर्जनों मजदूर

ताजपुर के दर्जनों मजदूर पिछले दो माह से जारी लॉकडाउन के तमिलनाडु में फंसे घर आने की बाट जोह रहे हैं। सम्पर्क किये जाने पर तमिलनाडु में फंसे मोतीपुर गांव के मुकेश कुमार ने फोन पर बताया कि उसके साथ गांव के गुड्डू कुमार, गोलू कुमार, मनीष कुमार समेत गरीब परिवार के दो दर्जन से अधिक मजदूर वहाँ पर फंसे संकट का सामना कर रहे हैं।

बताया कि वे लोग तमिलनाडु के तिरुपुर आर्मस्ट्रांग कंपनी एवं क्लिप्टन स्पोर्ट्स कम्पनी में काम करते हैं। लॉकडाउन में कंपनी के काम बंद हो जाने पर भोजन की समस्या हो गयी। कम्पनी की ओर से साप्ताहिक भुगतान किया जाता था। जो बंद हो गया। बिहार सरकार के द्वारा जो खाते पर एक हजार रुपये दिए गए वो भी खत्म हो गया।

मकान मालिक ने भी मुंह फेरकर चले जाने को कहता है। ट्रेन के लिए ऑनलाइन आवेदन किये हैं परन्तु अभी तक कोई जवाब नहीं आया है। बताया कि आसपड़ोस में रहने वाले बिहार के अधिकांश मजदूर बस से चले गए। पैसे के अभाव में अब वे लोग ही बचे हुए हैं जो घर आने की आस लगाए हुए हैं।

जरूरतमंद लोगों के बीच मास्क का किया गया वितरण: हसनपुर। हसनपुर पुलिस ने गरीब असहाय लोगों के बीच मास्क वितरण किया गया। रामपुर गांव स्थित सीमा स्थल पर प्रवासी श्रमिकों के बीच नाश्ता एवं पानी का वितरण किया गया। बाजार में घूम घूम कर लोगों से मास्क लगाने एवं सोसल डिसटेंसिंग का ख्याल रखने की अपील की गई। थानाध्यक्ष चन्द्रकांत गौड़ीं ने कहा कि लगातार प्रवासी श्रमिकों के आने का सिलसिला बना हुआ है। सीमा स्थलों पर चौकसी वरती जा रही है। कोरोना महामारी से निपटने के लिए जनमानस के सहयोग की जरूरत है। इलाके के लोगों से अपील है कि कोरोना से वचाव के तमाम उपायों का निश्चित रूप से पालन करें।

Share This Post